गौरव कुमार AV भारत न्युज संवाददाता बखरी/बेगूसराय
सोमवार को बखरी व्यवहार न्यायालय में पटना हाई कोर्ट के एक्सपेक्टिंग जज शशि भूषण प्रसाद सिंह अदालत परिसर पहुंचे। उनके इस औचक निरीक्षण का उद्देश्य न्यायिक कार्यों की प्रगति, लंबित मामलों की स्थिति, न्यायालयीन व्यवस्थाओं तथा अधोसंरचना का जायजा लेना था।
निरीक्षण के दौरान जज ने विभिन्न न्यायालय कक्षों, अभिलेखागार, नाजिर कार्यालय, रिकॉर्ड सेक्शन, सुरक्षा व्यवस्था समेत न्यायिक प्रक्रिया से जुड़े कई महत्वपूर्ण पहलुओं का विस्तृत अवलोकन किया। उन्होंने न्यायालय परिसर की साफ-सफाई, फाइलों के रख-रखाव, कार्यप्रणाली की गति तथा कर्मचारियों की उपस्थिति को संतोषजनक बताया, साथ ही जहां सुधार की आवश्यकता पाई, वहां आवश्यक निर्देश दिए।
इस दौरान उन्होंने ई कोर्ट सर्विस का उद्घाटन किया।निरीक्षण के दौरान जिला एवं सत्र न्यायाधीश ऋषिकांत, एसीजेएम मनोज कुमार सिंह, फर्स्ट क्लास मजिस्ट्रेट विशाल कुमार सिन्हा, एसडीएम सन्नी कुमार सौरव, सीडीपीओ कुंदन कुमार, सीओ राकेश कुमार चौधरी सहित न्यायालय के कई कर्मचारी एवं अधिकारी उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों को उन्होंने बेहतर समन्वय के साथ कार्य करने की सलाह दी।
निरीक्षण के बाद एक्सपेक्टिंग जज शशि भूषण प्रसाद सिंह ने शकरपुरा महुआरी में प्रस्तावित अनुमंडलीय व्यवहार न्यायालय भवन निर्माण के लिए चिन्हित भूमि का भी दौरा किया। जिनमें अधिवक्ता संघ के महासचिव राजकुमार,मधुसूदन महतो, गौरव कुमार तथा प्रमोद कुमार आदि मौजूद थे।भूमि निरीक्षण के बाद जज ने अधिवक्ताओं को आश्वस्त किया कि पूर्व में प्रस्तावित भूमि पर ही अनुमंडलीय व्यवहार न्यायालय का भवन निर्माण कराया जाएगा, जिससे क्षेत्र के लोगों को न्यायिक सुविधाएं सुगमता से मिल सकें।
उन्होंने यह भी कहा कि भवन निर्माण पूरा होने के बाद न्यायिक कार्यों में और तेजी आएगी तथा लोगों को दूर-दराज की यात्रा से मुक्ति मिलेगी।जज के इस औचक निरीक्षण को बखरी एवं बेगूसराय की न्यायिक व्यवस्था को और अधिक पारदर्शी, प्रभावी एवं सुचारु बनाने की दिशा में अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। क्षेत्र के अधिवक्ताओं और आम जनता ने उम्मीद जताई है कि ऐसे निरीक्षणों से न्यायिक कार्यों में तेजी आएगी और लंबित मामलों के निपटारा में सुधार होगा।
