विजय भारती ब्यूरो AV भारत न्युज बेगूसराय
प्रखंड मैदान भगवानपुर में बुधवार को बिहार सरकार के पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग द्वारा आत्मनिर्भर बिहार के सात निश्चय–2 एवं बेहतर पशु स्वास्थ्य प्रबंधन के तहत पशु बांझपन चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का उद्घाटन स्थानीय विधायक सह विभागीय मंत्री सुरेंद्र मेहता ने किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री सुरेंद्र मेहता ने कहा कि गरीबों के हक़ को खाने वाले चाहे छोटे हों या बड़े, किसी भी सरकारी कर्मी को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि बिहार में विकास पुरुष नीतीश कुमार के नेतृत्व में सरकार लगातार गरीबों के कल्याण और उत्थान के लिए काम कर रही है।

उन्होंने बताया कि जब उन्होंने विभाग की जिम्मेदारी संभाली, उसी दिन से विभाग में सख्ती शुरू कर दी गई और लापरवाही व भ्रष्टाचार के आरोप में एक दर्जन से अधिक पदाधिकारियों पर कार्रवाई भी की गई। मंत्री ने कहा कि इस तरह के शिविर बिहार के सभी प्रखंडों में क्रमवार आयोजित किए जाएंगे, ताकि किसानों को सरकार की योजनाओं और कार्यक्रमों की जानकारी मिल सके और वे जागरूक होकर इनका लाभ उठा सकें।

उन्होंने बताया कि एनडीए सरकार समाज के सबसे निचले पायदान पर खड़े लोगों की चिंता करती है, इसलिए बकरी पालन, गाय पालन, सूअर पालन और मत्स्य पालन को बढ़ावा देने के लिए 90 प्रतिशत तक सब्सिडी दी जा रही है। उन्होंने कहा कि बकरी पालन गरीब परिवारों के लिए किसी एटीएम से कम नहीं है, क्योंकि जरूरत पड़ने पर इससे तुरंत आय प्राप्त की जा सकती है। बकरी के दूध की विशेषता बताते हुए उन्होंने कहा कि यह रोग-प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में मददगार होता है और इसी कारण इसका बाजार में अच्छा मूल्य मिलता है। सरकार इसे डेयरी व्यवस्था से भी जोड़ने की दिशा में काम कर रही है।

मंत्री ने यह भी बताया कि बिहार अब मछली उत्पादन के क्षेत्र में आत्मनिर्भर हो चुका है और जल्द ही यहां की मछलियां देश-विदेश तक पहुंचेंगी। मत्स्यजीवियों के लिए जगह-जगह शेड बनाए जाएंगे, ताकि मछली सुरक्षित रखी जा सके और खराब न हो। उन्होंने कहा कि पटना की तर्ज पर बिहार के सभी जिलों में हाईटेक पशु अस्पताल बनाए जाएंगे, जहां पशुओं के इलाज की आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी। साथ ही यदि किसी किसान के पशु बीमार हो जाएं तो वे 1962 हेल्पलाइन नंबर पर फोन कर सकते हैं, जिससे तुरंत चिकित्सक मौके पर पहुंचकर इलाज करेंगे। इसमें लापरवाही बरतने वाले कर्मियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

शिविर में विभिन्न कंपनियों द्वारा दवाओं के स्टॉल भी लगाए गए थे, जिनका निरीक्षण मंत्री ने किया और संबंधित कर्मियों से जानकारी ली। इस दौरान कई किसान अपनी गायों को इलाज के लिए शिविर में लेकर पहुंचे। चिकित्सकों ने गायों को चुंबक खिलाकर उसके लाभ के बारे में भी किसानों को जानकारी दी। कार्यक्रम के दौरान मंत्री सुरेंद्र मेहता द्वारा मत्स्यजीवियों के बीच छह नाव, जलकर कीट सहित अन्य सामग्री भी वितरित की गई। कार्यक्रम की शुरुआत में मंत्री सहित अन्य अतिथियों का बुके, माला और चादर देकर स्वागत व सम्मान किया गया। इस मौके पर पूर्व जिला पार्षद पंकज पासवान, रामानुज चौधरी, गंगा प्रसाद राय समेत पटना और बेगूसराय से आए कई पशु चिकित्सक, विभागीय कर्मी तथा सैकड़ों किसान मौजूद थे।
