नवीन कुमार मिश्रा AV भारत न्युज संवाददाता नावकोठी/बेगूसराय
नावकोठी प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत पहसारा बभनगामा गांव में फाइलेरिया की पहचान के लिए रात्रिकालीन रक्त-पट संग्रह अभियान की शुरुआत की गई है।स्वास्थ्य विभाग की इस पहल में बीसीएम उषा कुमारी, लैब टेक्निशियन पंकज जोशी,सीएचओ विक्रांत कुमार,सूर्य भूषण,आशा फैसिलेटर संगीता कुमारी,आशा पूनम कुमारी,बेबी कुमारी, ललिता कुमारी की सक्रिय भूमिका रही।प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी राजीव रंजन चौधरी ने ग्रामीणों को फाइलेरिया जांच के महत्व को बतलाया और निर्धारित समय पर रक्त देने की अपील की गई।

उन्होंने कहा कि फाइलेरिया के परजीवी रात में अधिक सक्रिय रहते हैं,इसलिए वास्तविक स्थिति जानने के लिए रात्रि में ही रक्त-पट संग्रह किया जाता है।इस अभियान के तहत प्रखंड क्षेत्र के छह सौ लोगों के नमूने लेने का लक्ष्य है।लक्ष्य के अनुरूप 235 संदिग्धों का जांच किया गया। 28 नवंबर से यह विशेष अभियान चलाया जा रहा है जिससे संक्रमण की सटीक स्थिति का आकलन किया जा सके और समय रहते रोकथाम की दिशा में ठोस कदम उठाए जा सकें।
उन्होंने कहा कि फाइलेरिया एक गंभीर बीमारी है,जो विशेष प्रकार की मादा मच्छर के काटने से फैलती है। इसके बचाव के लिए सरकार हर वर्ष सर्वजन दवा सेवन अभियान चलाती है,जिसमें दो वर्ष से अधिक आयु के सभी लोगों को फाइलेरिया रोधी दवा आशा कार्यकर्ताओं द्वारा घर-घर और स्कूलों में दी जाती है। लोगों से अपील की गई कि वे निर्धारित समय पर दवा का सेवन अवश्य करें और जांच में सहयोग प्रदान करें।
